A woman died due to lack of treatment in Shimla’s Rampur, leaving her family furious.
SHIMLA: शिमला जिले (Shimla District) के रामपुर (Rampur) क्षेत्र की कुहल ग्राम पंचायत (Kuhal Gram Panchayat) के तलाई गांव (Talai Village) में लगभग 56 वर्षीय धर्मदासी (Dharmdasi), पत्नी (Wife) ताराचंद (Tarachand) का इलाज (Treatment) न मिलने से निधन (Death) हो गया।
गंभीर हादसा: खेत में पैर फिसला, खाई में गिरी महिला
जानकारी के अनुसार, धर्मदासी दोपहर करीब 12 बजे अपने खेत (Field) में काम कर रही थीं, तभी पैर फिसलने (Slip) से वह एक खाई (Pit) में गिरकर गंभीर रूप से घायल (Injured) हो गईं। परिजनों (Family Members) ने तुरंत उन्हें प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (Primary Health Center – PHC) देओठी (Deothi) पहुंचाया।
स्वास्थ्य केंद्रों में डॉक्टरों की अनुपस्थिति
देओठी PHC में डॉक्टर (Doctor) छुट्टी (Leave) पर थे, जिससे प्राथमिक उपचार (Medical Care) नहीं मिल पाया। इसके बाद महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (Community Health Center – CHC) तकलेच (Taklech) ले जाया गया, लेकिन वहां भी कोई डॉक्टर उपलब्ध नहीं था।
उपचारसे पहले ही महिला की मौत
दोनों प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों (Health Institutions) में चिकित्सक (Medical Staff) न होने के कारण धर्मदासी को समय पर उपचार नहीं मिल सका। अंततः परिजन उन्हें रेफरल अस्पताल (Referral Hospital) रामपुर (Rampur) लेकर पहुंचे, जहां उपचार शुरू होने से पहले ही महिला की मौत (Death) हो गई।
स्थानीय लोगों और परिजनों का रोष
परिजनों (Family Members) का कहना है कि यदि समय पर प्राथमिक उपचार (Timely Treatment) मिल जाता तो शायद धर्मदासी की जान बच सकती थी। इस घटना के बाद क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था (Healthcare System) पर गंभीर सवाल (Serious Questions) खड़े हो गए हैं, जिससे स्थानीय लोगों (Local Residents) में गहरा रोष (Anger) है।
भाजपा नेताओं ने सरकार पर साधा निशाना
पूर्व भाजपा प्रत्याशी (Former BJP Candidate) कौल सिंह नेगी (Kaul Singh Negi) और भाजपा मंडल रामपुर (BJP Mandal Rampur) के अध्यक्ष नरेश चौहान (Naresh Chauhan) ने विधायक (MLA) और सरकार (Government) पर निशाना साधा।
स्वास्थ्य सेवाओं की तुरंत सुधार
भाजपा नेताओं (BJP Leaders) का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्र (Rural Area) में स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है और अस्पतालों (Hospitals) में डॉक्टरों की अनुपस्थिति (Absence of Doctors) आम बात बन चुकी है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग (Health Department) से उच्च स्तरीय जांच (High-Level Inquiry) और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं (Healthcare Services) की तुरंत सुधार (Immediate Improvement) की मांग की, ताकि भविष्य (Future) में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति (Recurrence) न हो।
