हमीरपुर
जिला परिषद की त्रैमासिक बैठक शुक्रवार को परिषद की अध्यक्ष बबली देवी की अध्यक्षता में आयोजित की गई। एडीसी एवं परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी जितेंद्र सांजटा ने सभी अधिकारियों से कहा कि वे जिला परिषद सदस्यों की ओर से उठाए गए मुद्दों के समाधान के लिए त्वरित कदम उठाएं।
जिला परिषद चेयरमैन बबली देवी ने बताया कि बैठक में प्रस्ताव पारित किया गया है जिसमें टाइट और अनटाइट स्कीमों को बंद करने के लिए मांग की गई है। क्योंकि इन स्कीमों के माध्यम से फंड मिलने में देरी हो रही है। उन्होंने बताया कि फंड का प्रावधान ब्लाक से पंचायतों के लिए जा रहा है और इससे पंचायत और ब्लाक में तालमेल नहीं बन रहा है जिससे प्रस्ताव डालकर केन्द्र सरकार से इन स्कीमों कां बंद करने की मांग की है।
जिला परिषद चेयरमैन बबली देवी ने कहा कि पहले भी पार्टी के लिहाज से काम नहीं किया है और सभी सदस्य एक समान है। उन्होंने खुशी जताते हुए कहा कि जिला हमीरपुर को मुख्यमंत्री मिला है और विकास की गति और तेज होगी। उन्होंने कहा कि जल्द ही मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के पास जाएंगे और मुलाकात कर विकास कार्य के प्रस्ताव भी सौपेंगे।
इन मुददों पर हुई चर्चा
बैठक में लदेड़ा-जाहू सडक़ पर पुराने एवं खतरनाक पेड़ों को हटाने, उखली में हैंडपंप की पुनर्स्थापना, धनेटा बस स्टॉप पर शौचालय के निर्माण, धनेटा चौक पर ट्रैफिक लाइट्स लगाने, ग्राम पंचायत हथोल में डंगों के निर्माण, चौंथ खड्ड में चौक डैम के साथ कूहलों की मरम्मत, बदारन में ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने, धमरोल पंचायत में 15वें वित्त आयोग की धनराशि के व्यय तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भवन की मरम्मत, जाहू पुल के साथ दीवार के निर्माण, ग्राम पंचायत भोरंज, धीरड़ और पलपल में 15वें वित्त आयोग की धनराशि के व्यय के अलावा कई अन्य मुद्दों के संबंध में जिला परिषद सदस्यों ने विभागीय अधिकारियों से जवाब तलब किया। बैठक में परिषद के आय-व्यय और अन्य प्रस्तावों पर भी व्यापक चर्चा की गई। परिषद अध्यक्ष ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे सदस्यों की ओर से उठाई गई सभी समस्याओं एवं मामलों का निपटारा करके इसकी सूचना प्रेषित करें।
