हिमाचल प्रदेश के सेब बागवानों के लिए राहत की खबर है। क्योंकि अब किलो के हिसाब से सेब बिकेगा और आने वाले सेब सीजन में बागवान किलो के हिसाब से सेब बेच सकेंगे। बागवान पिछले काफी समय से सरकार से किलो के हिसाब से सेब खरीदने की मांग कर रहे थे। जिसके बाद अब सरकार ने बागवानों की इस लंबित मांग को मान लिया है।
बागवानों को नुकसान से बचाने के लिए सरकार ने यह व्यवस्था की है कि पेटी में 24 किलो से ज्यादा की मात्रा में सेब नहीं बेचा जाएगा। अगर कोई इससे ज्यादा मात्रा में सेब बेचता मिलता है तो उसके खिलाफ APMC एक्ट के तहत कार्रवाई भी की जाएगी। इसी शर्त पर अब लोगों को लाइसेंस दिया जाएगा और उनके लाइसेंस को रिन्यू किया जाएगा।
APMC एक्ट की अवहेलना करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए सरकार ने 5 सदस्य कमेटी का गठन किया है। उन्हें दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की शक्तियां भी दी हैं। सरकार ने सभी SDM, तहसीलदार और नायब तहसीलदार के अलावा सभी डिप्टी डायरेक्टर, सीनियर मार्केटिंग ऑफिसर और सभी APMC सचिवों को कार्रवाई के लिए अधिकृत कर दिया गया है।
प्रदेश में अभी 30 से 32 किलो की पैकिंग में सेब बेचा जा रहा है। इससे आढ़तियों को तो फायदा हो रहा है, लेकिन सेब बागवान लूट का शिकार हो रहा है। बागवानों को पेटी के हिसाब से सेब की कीमत अदा की जा रही है, जबकि आढ़ती बाद में इसे 20 से 24 किलो की पेटी बनाकर आगे बेचकर मोटा मुनाफा कमा रहे हैं। बागवानों को इस ठगी से बचाने के लिए सरकार ने आने वाले सेब सीजन में किलो के हिसाब से सेब बेचने का फैसला लिया है। इससे बागवानों को उनके उत्पाद और मेहनत के सही दाम मिल सकेंगे।
हिमाचल में अब किलो के हिसाब से बिकेगा सेब
